हिंदू धर्म में माँ दुर्गा को शक्ति की अधिष्ठात्री देवी माना गया है। वे आदिशक्ति हैं – सृष्टि की उत्पत्ति, पालन और संहार, तीनों ही रूपों का आधार। माँ दुर्गा केवल एक देवी नहीं, बल्कि अपराजेय शक्ति, अडिग साहस और असीम करुणा का प्रतीक हैं। मान्यता है कि जब-जब अधर्म और अन्याय बढ़ता है, तब-तब माँ दुर्गा अपने विभिन्न स्वरूपों में अवतरित होकर धर्म की रक्षा करती हैं और अपने भक्तों का उद्धार करती हैं।नवरात्रि में माँ के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है - शैलपुत्री, ब्रह्मचारिणी, चंद्रघंटा, कुष्मांडा, स्कंदमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी, और सिद्धिदात्री। इन नौ स्वरूपों की कथाएँ केवल पुराणों की गाथाएँ नहीं हैं, बल्कि जीवन के गहरे संदेश भी छुपाए हुए हैं।नवरात्रि के इस पावन अवसर पर, हम आपके लिए लेकर आए हैं माँ दुर्गा के नौ रूपों की अद्भुत कथाएँ। इस श्रृंखला में, हम आपको एक-एक कर इन स्वरूपों की कहानियाँ सुनाएँगे, कि कब कब और कैसे माँ प्रकट हुईं, किन परिस्थितियों में उन्होंने राक्षसों का संहार किया, और किस तरह हर रूप ने भक्तों को जीवन का अनमोल संदेश दिया।तो जुड़िए हमारे साथ और सुनिए माँ दुर्गा के नौ स्वरूपों की कहानी।Visit our website: https://chimesradio.com
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26 सित॰ 2026 · 8:59
नवरात्रि का अंतिम दिन है, नवमी, जिस दिन माँ दुर्गा के नौवे रूप, माँ सिद्धिदात्री की पूजा होती है। माँ सिद्धिदात्री वह शक्ति हैं जिन्होंने ब्रह्मांड का संतुलन बनाए रखने के लिए…
26 सित॰ 2026 · 7:51
नवरात्रि के आठवें दिन पूजी जाती हैं माँ महागौरी, जिनका रूप शुद्धता, शांति और करुणा का प्रतीक है। माँ महागौरी का शरीर हिम की तरह श्वेत और तेजस्वी है, उनके वस्त्र भी श्वेत हैं।…
26 सित॰ 2026 · 10:26
नवरात्रि के सातवें दिन पूजी जाती हैं माँ कालरात्रि, जो अज्ञान और भय के अंधकार को मिटाकर प्रकाश लाने वाली शक्ति हैं। उनका स्वरूप भले ही देखकर भयानक लगे, लेकिन वे अपने भक्तों को…
26 सित॰ 2026 · 7:24
नवरात्रि के छठे दिन पूजी जाती हैं माँ कात्यायनी, जिन्हें शक्ति और साहस की देवी कहा जाता है। महर्षि कात्यायन की घोर तपस्या और त्रिदेव की शक्तियों के संयोग से जन्मी, देवी कात्यायनी…
26 सित॰ 2026 · 9:19
नवरात्रि के पाँचवें दिन पूजी जाती हैं माँ स्कंदमाता, जो अपने पुत्र स्कंद (कार्तिकेय) को गोद में लिए विराजती हैं। वे सिर्फ़ माता का वात्सल्य ही नहीं, बल्कि देवताओं की सेना को दिशा…
26 सित॰ 2026 · 7:56
नवरात्रि के चौथे दिन पूजी जाती हैं माँ कूष्मांडा, जिन्हें ब्रह्मांड की सृष्टिकर्त्री कहा जाता है। जब न आकाश था, न धरती थी, न दिन-रात का नामोनिशान था, तब उस घोर अंधकार में उनकी एक…
26 सित॰ 2026 · 10:56
नवरात्रि के तीसरे दिन पूजी जाती हैं माँ दुर्गा का दिव्य रूप, माँ चंद्रघंटा। देवी पार्वती की कठोर तपस्या पूरी होने के बाद जब महादेव विवाह के लिए सहमत हुए, तो उनकी भस्म-लिपटी,…
26 सित॰ 2026 · 10:11
नवरात्रि का दूसरा दिन है। पंडालों की चहल-पहल और मिठाइयों की खुशबू के बीच, आरू और ऋषि फिर से पहुँचते हैं काका बाबू के पास, जहाँ शुरू होती है माँ दुर्गा के दूसरे स्वरूप माँ…
26 सित॰ 2026 · 12:05
नवरात्रि का पहला दिन, ढाक की थाप से गूँजती कोलकाता की गलियाँ, जगमगाते पंडाल और रसगुल्लों की मिठास के बीच, छोटी-सी आरू के मन में उठता है एक बड़ा सवाल कि माँ दुर्गा के नौ रूप…
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